नमन मंच महिला दिवस पर

‘आओ महिला दिवस मनाएँ’

जगत में मान नारी का,

सदा हमको ही रखना है,

समझ लो माँ, बहन, बेटी,

प्यार के रंग भरना है,

हम अपना आत्मगौरव जगाएँ,

आओ महिला दिवस मनाएँ।

अपमान करे जो नारी का,

हम उनको दंडित कर पाएँ,

कौमार्य भंग करने वालों को,

फंदे फाँसी के लटकाएँ,

जन-जन को यह बात बताएँ,

आओ महिला दिवस मनाएँ।

महिला दिवस मनाने को,

एक दिवस नहीं होता है,

हर पल हर दिन है उसका,

मन में करना समझौता है,

नारी शक्ति को वंदन कर पाएँ,

आओ महिला दिवस मनाएँ।

नारी शक्ति, नारी भक्ति,

तेरी अनगिनत पहचान है,

तेरे उदर से ही जन्मे,

राम, कृष्ण भगवान है,

नारी के चरणों में शीश झुकाएँ,

आओ महिला दिवस मनाएँ

स्वरचित

✍️✍️🙏🙏

सावित्री गौत्तम ‘सत्या’ (अध्यापिका)

अलीगढ़

टोंक (राजस्थान)

प्रस्तुति