श्योराज जी की कलम

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काम की बात

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जनहितकारी आलेख

प्याज पर काला पाउडर

जिसके संदर्भ में हर घर को जानना ज़रूरी

(जागरूक बनें स्वस्थ रहें!)
(संदर्भ: यूट्यूब वीडियो — https://youtube.com/shorts/_QceFL85Xdg?si=fcVrx74HsH0bsCIS)

वीडियो सृजक दूषित प्याज़ के साथ

रसोई में प्याज एक अनिवार्य सामग्री है—हर सब्ज़ी, सलाद और चटनी का मुख्य स्वाद। लेकिन क्या आपने कभी प्याज के ऊपर दिखने वाले काले पाउडर को ध्यान से देखा है? अक्सर इसे हम मिट्टी समझकर अनदेखा कर देते हैं, जबकि यह लापरवाही अनजाने में हमारे स्वास्थ्य के लिए गंभीर खतरा बन सकती है। उपरोक्त वीडियो में इसी वास्तविकता को उजागर किया गया है, जो हमें रोजमर्रा की जिंदगी से जुड़े एक महत्वपूर्ण लेकिन अनदेखे जोखिम के प्रति सचेत करता है।

काला पाउडर

मिट्टी नहीं, खतरनाक फंगस का संकेत

वीडियो में बताया गया कि प्याज की बाहरी परत हटाते ही अक्सर एक काला-सा पाउडर नज़र आता है। यह Aspergillus niger नामक फफूँदी है, जो गर्म और आर्द्र वातावरण में तेजी से विकसित होती है। इसके बीजाणु लाखों की संख्या में प्याज की सतह पर जमा हो जाते हैं, और यदि समय पर पहचान न हो, तो यही फंगस प्याज की भीतरी सतहों तक पहुँचकर ज़हर जैसा प्रभाव पैदा करता है।

ओटीए—वह ज़हर जो पकाने से भी नहीं मरता

Aspergillus niger द्वारा उत्पन्न विषैले पदार्थों में सबसे खतरनाक है ओटीए (Ochratoxin A)—एक माइटोटॉक्सिन।
इसका प्रभाव दूरगामी और गंभीर है:

  • किडनी को नुकसान (Nephrotoxic)
  • लीवर को हानि (Hepatotoxic)
  • कैंसर का जोखिम बढ़ाता है
  • गर्मी सहनशील—पकाने से भी खत्म नहीं होता

यानी अगर प्याज भीतर तक फंगस से प्रभावित है, तो उसे पकाने, तलने या उबालने से भी उसमें मौजूद विषाक्तता खत्म नहीं होती।

खतरे की पहचान कैसे करें?

वीडियो और विशेषज्ञों के अनुसार, प्याज की जाँच कुछ सरल चरणों से की जा सकती है:

  • यदि केवल ऊपर की परत पर काला पाउडर है, तो उस हिस्से को पूरी तरह काटकर हटाएँ।
  • यदि प्याज नरम, गला हुआ या दुर्गंधयुक्त है—इसे तुरंत फ़ेंक दें।
  • काटते समय भीतर का रंग यदि साफ और गुलाबी है, तभी उपयोग करें।
  • प्याज को हमेशा ठंडी, सूखी और हवादार जगह पर रखें, ताकि फफूँदी विकसित न हो सके।

क्यों ज़रूरी है यह जागरूकता?

कई बार घरों, दुकानों और गोदामों में प्याज लंबे समय तक ढेरों में रखे रहते हैं। ऐसे में तापमान और नमी फंगस का सबसे बड़ा सहायक बन जाते हैं। दुकानदार अक्सर प्याज की खराब परतें हटाकर उसे बेच देते हैं, लेकिन फंगस के अदृश्य अंश भीतर तक बने रहते हैं।

यदि जनता इस खतरे को समझ ले, तो:

  • फूड पॉइजनिंग के मामले घट सकते हैं
  • लीवर और किडनी संबंधी जटिलताओं से बचाव संभव है
  • खाद्य सुरक्षा के प्रति एक सामूहिक जागरूकता विकसित होगी

यह सिर्फ घरों की बात नहीं, बल्कि किसानों, भंडारण केंद्रों, विक्रेताओं और उपभोक्ताओं—सभी के लिए एक महत्वपूर्ण स्वास्थ्य संदेश है।

जनता के हित में अंतिम संदेश

हमारी रसोई में रोज़ाना इस्तेमाल होने वाला प्याज जितना सामान्य है, इस पर दिखने वाला काला पाउडर उतना ही असामान्य और खतरनाक संकेत है। यूट्यूब वीडियो (लिंक ऊपर) इसी खतरे को सरल भाषा में उजागर करता है। अब ज़िम्मेदारी हर नागरिक की है कि वह न केवल खुद जागरूक हो, बल्कि अपने परिवार, पड़ोसियों और समुदाय तक यह जानकारी पहुँचाए।

स्वास्थ्य जागरूकता छोटे-छोटे कदमों से शुरू होती है—और प्याज पर दिखने वाले इस काले पाउडर को पहचानना उनमें से एक महत्वपूर्ण कदम है।

यदि आप स्वस्थ रहना चाहते हैं,
तो प्याज को भी उतनी ही सजगता से परखें, जितनी सजगता से उसे अपनी थाली में परोसते हैं।

सूचना स्रोत

यूट्यूब प्लेटफॉर्म

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