श्योराज जी के दोहे

श्योराज जी के दोहे

दोहे

सत्य अटल है आज भी, नहीं झूठ के पांव।

ज्यादा दिन चलता नहीं, यहाँ झूठ का दांव।।

 

सच दुनिया में बोलना, है खांड़े की धार।

सत्य जन से दूर रहें, निकट प्रेमी यार।।

 

भगवन उसके हैं सखा, सत्य जिसके साथ।

सत्य झूठ का फैसला, छोड़ उसी के हाथ।।

 

न्याय करें जगदीश जो, उसे सहज ले मान।

मत भटकावे ध्यान को, लगा हमेशा ज्ञान।।

 

छोड़ जगत के प्रेम को, कर ले प्रभु से हेत।

पाप धर्म मँझधार में, मत उलझे अब चेत।।

श्योराज बम्बेरवाल ‘सेवक’मालपुरा