कुंडलिया छंद एक आता जाता ही फिरें ,जीव जगत के माहि, करार अपनी भूलता,याद रखें कुछ नाहि। याद रखें कुछ नाहि,मग्न दुनिया में होता, देख सामने मौत,पकड़ सिर को फिर…
🇮🇳 स्वच्छ विद्यालय स्वस्थ विद्यालय 🇮🇳 खुल गये स्कूल चहकी किलकारियाँ, सब पढ़ने की मन में ठानकर आये हैं। अपनी-अपनी कक्षा का पता ज्ञात कर, अपनी ठोर रोक बस्ता जमाकर…
।।अपनी-अपनी राह।। कड़वी सच्चाई वाह रे! मेरे हिन्दुस्तान,वाह रे! मेरे भारत, यहाँ के लोगों ने क्या खूब हासिल की महारथ, योग दिवस पर योगा-योगासन को भजते हैं, पितृ दिवस पर…